

नेशनल वुमन्स रेसलिंग चैम्पियनशिप:50 किग्रा वेट कैटेगरी में हरियाणा की मीनाक्षी बनीं चैम्पियन, कहा- WWE के जॉन सीना से प्रेरित होकर कुश्ती शुरू कीनेशनल वुमन्स रेसलिंग चैम्पियनशिप में 50 किग्रा वेट कैटेगरी में हरियाणा की मीनाक्षी ने पहली बार गोल्ड मेडल जीता। उन्होंने फाइनल में हरियाणा के हेन्नी कुमारी को हराया। गोल्ड मेडल जीतने के बाद मीनाक्षी ने भास्कर से बातचीत की। उन्होंने कहा कि टोक्यो ओलिंपिक के लिए क्वालिफाई करना उनका अगला लक्ष्य है।
मीनाक्षी ने बताया कि इस मेडल के लिए उन्हें और उनके माता-पिता को रिश्तेदारों के ताने तक झेलने पड़े, लेकिन हार नहीं मानी। उन्होंने कहा, ‘WWE के जॉन सीना मेरे फेवरेट रेसलर हैं। उनसे ही प्रेरित होकर मैंने 10 साल की उम्र से ही कुश्ती की ट्रेनिंग शुरू कर दी थी। मैं जींद के नडानी गांव के कुश्ती सेंटर में प्रैक्टिस करती थी।’
‘रिश्तेदार कहते थे- लड़की को बाहर भेजना सही नहीं’
मीनाक्षी ने कहा कि बचपन में उन्हें प्रैक्टिस के लिए जाने पर रिश्तेदारों के खूब ताने झेलने पड़ते थे। उन्होंने कहा, ‘जब मेरे माता-पिता ने बेहतर ट्रेनिंग के लिए मुझे घर से दूर हॉस्टल भेजा, तो रिश्तेदारों ने इसका विरोध किया। उन्होंने मेरे पैरंट्स से कहा कि लड़की को कुश्ती सिखाना ठीक नहीं है। लड़की को बाहर भेजने सही नहीं है।’
मीनाक्षी ने कहा, ‘इसके बाद मैंने कैडेट वर्ग में मेडल जीता। मुझे हरियाणा सरकार की ओर से कैश अवॉर्ड मिलने लगे। मैं दंगल में भी जाकर जीतने लगी, तो रिश्तेदारों ने कहा कि लड़की को पैसे कमाने के लिए कुश्ती में भेजते हैं। हालांकि, मैंने इन सभी बातों को नजरअंदाज किया। मेरे माता-पिता ने भी मेरा पूरा सपोर्ट किया।’
बेटी को कुश्ती की ट्रेनिंग दिलवाने के लिए परिवार सोनीपत शिफ्ट हुआ
मीनाक्षी ने बताया कि कुश्ती में मेरी रुचि देख मेरे परिवार वाले भी सोनिपत शिफ्ट हो गए। ‘वह चाहते थे कि मुझे बेहतर से बेहतर ट्रेनिंग मिले। मेरे पिता सोनीपत में ही डेयरी चलाते हैं। इसी से मेरे घर का खर्चा चलता है। तीन भाई-बहनों में मैं सबसे बड़ी हूं। मैं कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी में BA फाइनल ईयर की छात्रा हूं।’
‘टोक्यो ओलिंपिक में देश का प्रतिनिधित्व करना चाहती हूं’
मीनाक्षी ने कहा, ‘मेरा टारगेट इस साल ओलिंपिक में देश का प्रतिनिधित्व करना है। मेरे वर्ग में अभी किसी ने ओलिंपिक कोटा हासिल नहीं किया है। ऐसे में मेरा लक्ष्य मार्च में होने वाले ओलिंपिक क्वॉलिफिकेशन के लिए होने वाले ट्रायल में बेहतर करना और टीम में जगह बनाना है।’
नेशनल वुमन्स रेसलिंग चैम्पियनशिप में हरियाणा को ओवरऑल खिताब नेशनल वुमन्स रेसलिंग चैम्पियनशिप में हरियाणा की टीम 200 पॉइंट के साथ पहले स्थान पर रही। जबकि, रेलवे 163 पॉइंट के साथ दूसरे और दिल्ली 119 पॉइंट के साथ तीसरे स्थान पर रही।