

भ्रूण लिंग जांच मामला:दो जिलों की टीम ने रेड कर पकड़ा भ्रूण लिंग जांच गिरोह, तीन आरोपी गिरफ्तारमुख्य आरोपी 6 माह पहले भी पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन के साथ पकड़ा जा चुका
6 माह बाद फिर से स्वास्थ्य विभाग की टीम ने कृष्ण उर्फ सोनू (अम्बाला सिटी) को भ्रूण लिंग जांच मामले में पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन के साथ पकड़ा है। सितंबर माह में स्वास्थ्य विभाग की टीम ने इस्माइलाबाद में कृष्ण को पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन के साथ पकड़ा था। हाल ही में वह जमानत पर जेल से बाहर आया था। बाहर आते ही उसने फिर से भ्रूण लिंग जांच का धंधा शुरू कर दिया।
मंगलवार को करनाल व कुरुक्षेत्र की स्वास्थ्य विभाग की टीम ने रेड कर भ्रूण लिंग जांच मामले का खुलासा किया। रेड के दौरान टीम सदस्यों ने तीन लोगों को दबोचा है। बता दें कि स्वास्थ्य विभाग करनाल की टीम को सूचना मिली थी कि कुरुक्षेत्र एरिया में एक व्यक्ति पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन से भ्रूण लिंग जांच कर रहा है जिसके बाद सिविल सर्जन करनाल ने कुरुक्षेत्र सिविल सर्जन डॉ. सुखबीर सिंह को मामले की जानकारी दी। करनाल व कुरुक्षेत्र, दोनों जिलों की टीम ने मंगलवार को संयुक्त कार्रवाई की। टीम सदस्यों ने गिरोह के सदस्यों को लाडवा-पिपली रोड पर निमंत्रण पैलेस के पास कार में काबू किया।
ये रहे टीम में शामिल| टीम में डॉ. नरेश कुमार डिप्टी सिविल सर्जन करनाल, डॉ. संजीव कुमार, डॉ. रूपाली एमओ सांभली व कुरुक्षेत्र से सिविल सर्जन डॉ. सुखबीर सिंह व डिप्टी सिविल सर्जन डॉ. आरके सहाय के मार्ग दर्शन में डॉ. ऋषि, मनोज कुमार, संजीव कुमार रेड में शामिल रहे।
पुलिस भी करेगी जांच| एसएचओ राजपाल ने बताया कि अभी तक मामले में स्वास्थ्य विभाग की टीम कार्रवाई कर रही है। जैसे ही स्वास्थ्य विभाग टीम की रिपोर्ट आएगी, मामले में कार्रवाई की जाएगी। हालांकि खबर लिखे जाने तक स्वास्थ्य विभाग अपनी कार्रवाई में लगा था। पुलिस में इस संबंध में केस दर्ज नहीं हो पाया था।
मुख्य आरोपी पहले भी दो पकड़ा जा चुका| बता दें कि आरोपी के खिलाफ पहले भी भ्रूण जांच के दो मामले अदालत में विचाराधीन हैं। आरोपी कृष्ण को वर्ष 2015 व 2016 में भ्रूण लिंग जांच करने के आरोप में पकड़ा था। बता दें कि अम्बाला में भी उक्त आरोपी पर मामले दर्ज हैं।
बता दें कि आरोपी के कब्जे से अल्ट्रासाउंड की पोर्टेबल मशीन सहित प्रोब (औजार) व जैल आदि भी बरामद किए हैं। इस मामले में सिविल सर्जन कुरुक्षेत्र को गुप्त सूचना मिली थी कि आरोपी भ्रूण लिंग जांच का काम कर रहा है। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने एक डिकॉय पेशेंट को लिंग जांच के लिए आरोपी कृष्ण से सम्पर्क करने के लिए कहा। आरोपी ने डिकॉय मरीज से भ्रूण लिंग जांच के 35 हजार रुपए मांगे।